1. मिट्टी एवं उर्वरक
मिट्टी का चयन: पक्षी का घोंसला फ़र्न ढीली, अच्छी जल निकासी वाली मिट्टी के लिए उपयुक्त है। साँप की लकड़ी के चिप्स, पाइन फॉस्फोरस या मोटे दाने वाली पीट मिट्टी, लीफ ह्यूमस और मोटे रेत के मिश्रण का उपयोग करने की सिफारिश की जाती है।
उर्वरक प्रयोग: बढ़ते मौसम के दौरान, हर आधे महीने में एक बार पतला तरल उर्वरक डालें, जिसकी सांद्रता सामान्य से लगभग आधी हो। उर्वरक क्षति से बचने के लिए दोबारा रोपण के तुरंत बाद या खरीद के तुरंत बाद उर्वरक देने से बचें।
2. प्रकाश प्रबंधन
प्रकाश की आवश्यकताएँ: पक्षी का घोंसला फर्न अर्ध-छायादार वातावरण पसंद करता है और सीधी धूप से बचता है। गर्म मौसम में इसे किसी पेड़ की छाया में या खिड़की के पास रखना सबसे अच्छा होता है।
ग्रीष्मकालीन छायांकन: पत्तियों को जलने से बचाने के लिए गर्मियों में 70% से अधिक छाया प्रदान की जानी चाहिए।
3. तापमान नियंत्रण
उपयुक्त तापमान: पक्षी के घोंसले फर्न का आदर्श विकास तापमान 16℃ से 27℃ है। सर्दियों में न्यूनतम तापमान 5℃ से कम नहीं होना चाहिए, और गर्मियों में अधिकतम तापमान 33℃ से अधिक नहीं होना चाहिए।
सर्दियों की गर्मी: उत्तरी क्षेत्रों में, सर्दियों में पक्षियों के घोंसले के फर्न को घर के अंदर ले जाना चाहिए और तापमान 15℃ से ऊपर रखना चाहिए।